कौन हैं सरकारी वकील विकास गुप्ता जो लड़ेंगे अतीक के बेटे अली अहमद का केस?

Vikas Gupta Lawyer

अतीक अहमद के दोनों बड़े बेटे अली और उमर करीब 4 साल से जेल में बंद हैं। अली अहमद ने अदालत के सामने सरकारी वकील उपलब्ध कराने की मांग की थी। अब प्रयागराज कोर्ट ने अली अहमद के केस की पैरवी के लिए विकास गुप्ता को चुना है। ऐसे में सवाल है कि विकास गुप्ता कौन हैं और क्या उनकी पैरवी के बाद अली को जमानत मिल पाएगी?

आज तक अली अहमद को नहीं मिला था वकील
अली अहमद ने अदालत को बताया था कि साल 2023 में उसके पिता अतीक अहमद और चाचा अशरफ की मौत के बाद कोई भी वकील उसका केस लड़ने के लिए तैयार नहीं था। अली के मुताबिक, उसके पास किसी बड़े प्राइवेट वकील की भारी-भरकम फीस देने के लिए पर्याप्त आर्थिक संसाधन भी नहीं थे। इसी वजह से अली ने अदालत से सरकारी वकील उपलब्ध कराने की मांग की थी। इसके बाद प्रयागराज कोर्ट ने उसके केस की पैरवी के लिए सरकारी वकील नियुक्त करने का फैसला किया।

कौन हैं विकास गुप्ता?
कोर्ट ने अली अहमद का केस लड़ने के लिए वकील विकास गुप्ता को चुना है। विकास गुप्ता कोई प्राइवेट वकील नहीं हैं, बल्कि वह सरकार द्वारा गरीब और जरूरतमंद बंदियों को मुफ्त कानूनी सहायता उपलब्ध कराने के लिए बनाए गए लीगल एड डिफेंस काउंसिल सिस्टम के प्रमुख हैं। जिला अदालत में आर्थिक तंगी या किसी दूसरी मजबूरी के कारण प्राइवेट वकील नहीं रख पाने वाले आरोपियों के मुकदमों की पैरवी लीगल एड सिस्टम के जरिए की जाती है। अब विकास गुप्ता अदालत में अली अहमद और उसके साथ जेल में बंद 6 सह-आरोपियों की कानूनी पैरवी करेंगे।

28 सितंबर को होगी अहम सुनवाई
अली अहमद से जुड़े मुकदमों की अगली सुनवाई 28 सितंबर को होने वाली है। इस दौरान अली के खिलाफ रंगदारी, जानलेवा हमले और गैंगस्टर एक्ट से जुड़े मामले में अहम सुनवाई होनी है। इसी दौरान अली की जमानत याचिका पर भी बहस होनी है। अब बड़ा सवाल यही है कि क्या सरकारी वकील विकास गुप्ता की पैरवी के बाद अली अहमद को जमानत मिल पाएगी, अली अहमद की जमानत याचिका पहले भी खारिज हो चुकी है। अदालत की पिछली कार्यवाही में अली को लेकर सख्त टिप्पणी की गई थी। अदालत ने कहा था कि अली माफिया बनने की राह पर है और अगर उसे रिहा किया गया तो वह गवाहों को परेशान कर सकता है। इसी आधार पर उसकी जमानत याचिका खारिज कर दी गई थी। इससे पहले अली के बड़े भाई उमर की जमानत याचिका भी खारिज हो चुकी है।

उत्तर प्रदेश के बाहुबलियों के 5 बेटे जिन्होंने संभाली पिता की गद्दी ?

क्या विकास गुप्ता अली को जमानत दिला पाएंगे?
अली अहमद की जमानत को लेकर अब 28 सितंबर की सुनवाई महत्वपूर्ण मानी जा रही है। हालांकि जमानत मिलेगी या नहीं, इसका फैसला अदालत ही करेगी। अली के खिलाफ दर्ज मामलों में गंभीर आरोप हैं और अभियोजन पक्ष की ओर से सबूत एवं गवाहों के बयान भी मामले का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। ऐसे में विकास गुप्ता की भूमिका अली को अदालत के सामने प्रभावी और निष्पक्ष कानूनी प्रतिनिधित्व उपलब्ध कराने की होगी। अब सबकी नजर 28 सितंबर की सुनवाई पर है। इसी के बाद साफ होगा कि अली अहमद को जमानत मिलती है या उसे अभी जेल में ही रहना होगा।

Gadar Tv
Author: Gadar Tv

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *